Original

ययोस्ते नामनी लोके हंसेति डिभकेति च ।पूर्वं संकथिते पुम्भिर्नृलोके लोकसत्कृते ॥ ३१ ॥

Segmented

ययोः ते नामनी लोके हंस-इति डिभक-इति च पूर्वम् संकथिते पुंभिः नृ-लोके लोक-सत्कृते

Analysis

Word Lemma Parse
ययोः यद् pos=n,g=m,c=6,n=d
ते तद् pos=n,g=n,c=1,n=d
नामनी नामन् pos=n,g=n,c=1,n=d
लोके लोक pos=n,g=m,c=7,n=s
हंस हंस pos=n,comp=y
इति इति pos=i
डिभक डिभक pos=n,comp=y
इति इति pos=i
pos=i
पूर्वम् पूर्वम् pos=i
संकथिते संकथय् pos=va,g=n,c=1,n=d,f=part
पुंभिः पुंस् pos=n,g=m,c=3,n=p
नृ नृ pos=n,comp=y
लोके लोक pos=n,g=m,c=7,n=s
लोक लोक pos=n,comp=y
सत्कृते सत्कृ pos=va,g=n,c=1,n=d,f=part