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तेषां ग्रन्थानां नामादीनि ग्रन्थप्रतीकेभ्यो ज्ञेयानि ।
 
ग्रन्थकर्ता
 
लौगाक्षि -भास्करः
अनंभट्टः
श्रीकण्ठः ( शितिकण्ठः )
 
केशवमिश्रः
 
चन्द्रकान्ततर्कालंकारः
 
पहामिरामः
 
जयतीर्थार्यः
 
श्री मध्वाचार्यः
 
अनंभट्टः
जगदीश भट्टाचार्य:
 
वरदराजः
 
कृष्ण यजुर्वेदः
 
महादेव भट्टः
 
लिखितं पत्राणाम्
 
अङ्कितं वा पृष्ठानां वा
पुस्तकम् संख्या
 
रण्यः
 
अम्ि २२
 
अङ्कितम्
 
५०
 
लिखितम्
 
लिखितम्
 
अङ्कितम्
 
अङ्कितम्
 
अङ्कितम्
 
अङ्कितम्
 
अतिम्
 
अङ्कितम् ।
 
रघुनाथभट्टाचार्य तार्किक शिरो-! अङ्कितम्
 
मणिः
नीलकण्ठभट्टः
 
श्रीधरः
धर्मोत्तराचार्यः
 
गोवर्धन:
जानकीनाथमहान्चार्यचूडा-
मणिः
रघुनाथशास्त्री, पर्वते
 
अडितम्
 
महामहोपाध्याय चालभाचार्यः लिखितम्
 
उद्योतकराचार्यः
 
अतिम्
 
शशधरः
 
अङ्कितम्
 
२२
 
लिखितम् १२
लिखितम् पत्र १०
 
'
 
लिखितम्
 
सायणाचार्य-कूटस्थदीपविद्या- । अङ्कितम्
 
हो०
 
१० १६१
 
अङ्कितम्
 
अतिम्
 
0
 
अङ्कितम्
अडितम् २५
लिखितम्
 
अवनलेखना-
दिकाल:-:
:- शक:
संवत् अथवा
इसवी
 
५२
 
संवत् १७०४
 
२७८ संवत् १९२६ कलकत्ता
 
२२
 
शके १७९५ पुणे
शके १८०५ । मुंबई
पृ० १ इसवी १८९३ मुंबई
 
३८१
 
१०११
 
O
 
इसवी १८८६ । मुंबई
इसवी १८७५ बनारस
 

 
अवनस्थानम्
 
श० १८०५ मुंबई
 
संवत् १८०६
 

 
पुणे
 
इसवी १८९३ मुंबई
 

 
१३
 
२३७ । संवत् १९२३ बनारस
२२६ इसवी १८७२ कलकत्ता
 
O
 

 
0
 
इसवी १८७५/ बनारस
 
O
 
बनारस
 
। इसवी १८९० मुंबई
शके १७९४ । पुणे
शके १७३५
 
शके १७७२ पुणे
 

 
इसवी १८८२ कलकत्ता
 
शके १७८२
 

 
[१५]
 
पुस्तक-
स्थानम्
 
स्वीया
 
महा. चिम०
आपटे
 
ए. कालेज
 
स्वीया
 
खीयः
 
स्वीया
 
स्वीयम्
 
स्वीयः
 
ए. कालेज
 
डे. कालेज
 
स्वीया
 
स्त्रीया
 
स्वीयम्
 
डे. कालेज
 
मुंबई