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णिव्वरण - दुःख
निवेदन
णिव्वाइय–प्रसारित
णिव्वाणि - विकास
णिव्विच्च – विस्तृत कर
णिव्विर - चपटा, दबा हुआ
णिव्वोलण – क्रोध से होठ मलिन
 
करना
 
णिसा – हल्दी
 
णिसाड - निशाचर, राक्षस
 
णिसायर – कपूर
 
णिस्सीमिअ- निर्वासित
 

 
-
 
णिहल - कुल
णिहव -- सुप्त, सोया हुआ
णिहेल - - नील रत्न
णिहोडण-निवारक, निषेधक
 
णीअअ - समीचीन, सुन्दर
णोरण - घास, चारा
 
णीलुय ----अश्व की एक उत्तम जाति
 
णीसंक- वृष
 
णीसाम - विनाशक
 
णीसावण्ण - समस्त
गुज्जिय - बन्द किया हुआ, मुद्रित
णेलंछण – नपुंसक
 
णेलच्छिआ – कूपतुला
 
णेवत्थ – वस्त्र
 
णेवत्थण -- उत्तरीय वस्त्र का अञ्चल
 
णेव्व – तीव्र
 
णेसणय – वस्त्र
 
णसर – सूर्य
 
णेसरी - सूर्य
णेसु - १ होठ । २ पांव
णेहीर- कुंकुम
 
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देशी शब्दकोश
 
णो - १ खेद । २ आमन्त्रण ।
३ वितर्क । ४ विचित्रता ।
५ प्रकोप- इन अर्थों का सूचक
 
अव्यय
 
णोक्ख—
अनोखा
णोखी-अपूर्वा, अनोखी
पहु- निश्चयसूचक अव्यय
 

 
तंडय समूह
 
तंती - चिन्ता
 
तंबटंकारि - शेफालिका की लता
तंबार – मृत्यु,
विनाश
तंबालुय-भाजन - विशेष
तंबुक्क – वाद्य-विशेष
 
तक्कारि – सारथि
 
तक्कुय - स्वजन वर्ग
तक्कोडिण-
--स्वजन वर्ग
 
तक्खड - उद्यत
तच्छिल - तत्पर
 
तट्टवट्ट - आभरण, आभूषण
 
तट्ठय - घृष्ट - घृष्ट शब्दार्थो देशी
तडकडिअ - १ अनवस्थित ।
 
२ व्याकुल
तडयड
– क्रियाशील, सदाचारी
तडहडिअ - अनवस्थित
 
तडु – १ पिशाच । २ शलभ
 
तणय – 'यह उसका है' इस अर्थ में
प्रयुक्त प्रत्यय - तस्येदमित्यर्थे देशी
 
प्रत्ययः
 
तणव - वाद्य - विशेष
तत्तिया - तत्परता, चिन्ता
 
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